वीआईपी के मुकेश सहनी और हम के मांझी बिहार में कभी भी खेला कर सकते हैं । उत्तर प्रदेश में सहनी के साथ हुई बदसलुकी से नाराज ये दोनो नेता गुटबंदी करने में लगे हुए हैं । कल देर रात सहनी और मांझी ने आपस में मुलाकात कर घंटो इस बात पर चर्चा की । हालांकि दोनों नेता कुछ कहने से बचते आ रहे हैं लेकिन सुत्रों के अनुसार ये लोग बीजेपी से निपटने की गोलबंदी में लगे हैं ।

दरअसल सोमवार की दोपहर ही मुकेश सहनी ने प्रेस कांफ्रेंस कर कहा था कि बिहार में एनडीए में उन्हें सम्मान नहीं मिल रहा है। इसलिए उन्होंने एनडीए विधायक दल की बैठक का बहिष्कार कर दिया था। सहनी ने कहा कि एनडीए में जीतन राम मांझी को भी सम्मान नहीं मिल रहा है। बिहार सरकार में चार दल शामिल हैं लेकिन चर्चा सिर्फ बीजेपी औऱ जेडीयू की होती है। वीआईपी औऱ हम पार्टी की कोई चर्चा नहीं होती।
इस प्रेस कांफ्रेंस के बाद ही मुकेश सहनी जीतन राम मांझी से मिलने उनके आवास पहुंच गये। दोनों नेताओं के बीच लंबी बातचीत हुई। सूत्र बता रहे हैं कि दोनों नेता बीजेपी से खफा हैं। जीतन राम मांझी तो लगातार बीजेपी के खिलाफ बयानबाजी कर रहे हैं। रविवार को उन्होंने साफ साफ कहा था कि जिस भी मुद्दे पर बीजेपी औऱ नीतीश कुमार के बीच विवाद है उसमें वे नीतीश कुमार का साथ देंगे। उधर मुकेश सहनी पहले बीजेपी कैंप के माने जाते थे। लेकिन हालिया दिनों में उनकी बीजेपी से नाराजगी बढ़ी है। उत्तर प्रदेश में रविवार को हुए वाकये के बाद वे खुल कर वहां के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर हमला बोल रहे हैं। दिलचस्प बात ये भी है कि मुकेश सहनी नीतीश कुमार के समर्थन में बोल रहे हैं।

वैसे जानकार लोगों को कहना है कि दोनों नेता पलटी मारने में माहिर है । यह लोग सत्ता के लिये कभी भी पल्टी मार सकते हैं । पहले सहनी बीजेपी कैम्प से एनडीए में आए थे । लेकिन अब लगता है वो लोग एनडीए छोड़कर नीतीश के पास जा सकते हैं । वैसा ही हाल मांझी का भी है । पहले नीतीश से नाराज होकर अलग पार्टी बना लिये और फिर इस बार के चुनाव में दुबारा से नीतीश से गठबंधन कर सत्ता में आ गए । वैसे सहनी का कहना है पिछड़ी जाती से होने के कारण हम दोनों नेताओं को भाव नहीं दिया जाता है ।












